Agra Crime News: आगरा में ऑटो रिक्शा चालक विजयपाल की हत्या के मामले में पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। 14 फरवरी को लापता हुए चालक का शव अगले दिन सैया इरादतनगर मार्ग स्थित पुल के नीचे नाले में मिला था। अब पुलिस जांच में सामने आया है कि दो युवकों ने शराब पिलाकर चालक के साथ जबरन गलत हरकत करने की कोशिश की। विरोध करने पर उसे पीटकर नाले में धकेल दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
14 फरवरी को किराए पर लिया था ऑटो
डीसीपी वेस्ट आदित्य ने बताया कि दोनों आरोपियों ने 14 फरवरी को सैंया चौराहे से मनियां जाने के लिए 300 रुपये में ऑटो बुक किया था। दोपहर करीब 3 बजे वे ऑटो में बैठे और रास्ते में दो बोतल बीयर खरीदी। इसके बाद चालक के साथ मिलकर शराब पी। एक घंटे बाद वे मनियां पहुंचे, जहां कुछ समय रुकने के बाद शाम करीब 5:30 बजे फिर शराब की बोतल लेकर लौटे। शाम 7 बजे के करीब सैंया पहुंचे। यहां शराब के ठेके के सामने पुल के नीचे ऑटो खड़ा किया गया। आरोपियों ने अंग्रेजी शराब खरीदी और कैंटीन में बैठकर पी। इसके बाद चालक को लादूखेड़ा छोड़ने के लिए कहा।
रास्ते में बदल गई नीयत (Agra Crime News)
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि रात करीब 8 बजे जब ऑटो रेलवे ओवरब्रिज से गुजर रहा था, तभी दोनों की नीयत बदल गई। उन्होंने चालक के साथ गलत हरकत शुरू कर दी। चालक ने इसका विरोध किया, लेकिन चलती गाड़ी में वह कुछ समझ नहीं पाया। ओवरब्रिज से उतरने के बाद चालक ने ऑटो रोक दिया और सख्ती से मना किया। इस पर तीनों के बीच कहासुनी और हाथापाई शुरू हो गई। आरोप है कि दोनों युवकों ने चालक को पीटा और उसे पुल के नीचे गंदे नाले की ओर ले गए।
नाले में धकेलकर की हत्या
जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने चालक को जबरन पकड़कर उसके कपड़े उतार दिए और फिर नाले में धक्का दे दिया। विजयपाल नाले में मुंह के बल गिरा। अत्यधिक शराब के नशे और गिरने के कारण वह खुद को बचा नहीं सका। दम घुटने और चोट लगने से उसकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। उन्होंने मृतक का मोबाइल, कपड़े और अन्य सामान भी नाले में ही फेंक दिया ताकि पहचान छिपाई जा सके।
अगले दिन मिला शव
15 फरवरी को स्थानीय लोगों ने पुल के नीचे नाले में शव पड़ा देखा और पुलिस को सूचना दी। सैंया थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतक की पहचान विजयपाल के रूप में हुई, जो आगरा जिले में ऑटो चलाकर परिवार का पालन-पोषण करता था। मृतक के भाई हुकुम सिंह ने थाने में तहरीर देकर हत्या की आशंका जताई थी। उन्होंने बताया कि विजयपाल 14 फरवरी से लापता था और उसका फोन बंद जा रहा था। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
मुखबिर की सूचना पर गिरफ्तारी
पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और संदिग्धों की तलाश शुरू की। मुखबिर की सूचना पर लादूखेड़ा पेट्रोल पंप के पास से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान लादूखेड़ा निवासी राकेश और मनोज के रूप में हुई है। दोनों पहले भी जेल जा चुके हैं। पुलिस ने इनके पास से मृतक का आधार कार्ड, डीएल, फोटो, ऑटो-रिक्शा की आरसी, सेल डीड और अन्य दस्तावेज बरामद किए हैं।
पुलिस का बयान
डीसीपी वेस्ट ने प्रेसवार्ता में बताया कि आरोपियों ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल कर लिया है। घटना में प्रयुक्त ऑटो और अन्य सबूतों बरामद कर लिए गए हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दम घुटने और चोट लगने की पुष्टि हुई है। आरोपियों के खिलाफ हत्या और अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया है।










